क्या अंकुरित आलू जहर की तरह होता है ? खाने के क्या क्या नुकसान होते है ?

हम सभी के किचन में आलू की खास जगह है. इससे बने फूड हमारी थाली में रहते ही रहते हैं. आलू (Potatoes) को सब्जियों का राजा भी कहा जाता है.इसे चाहने वालों की संख्या भी बहुत ज्यादा है. यह सेहत के लिए कई तरह से फायदेमंद भी है. कई बार घरों में रखे आलू अंकुरित हो जाती हैं. कई लोग इसे हल्का काटकर इस्तेमाल कर लिया जाता है, जबकि कुछ लोग इसे पूरी तरह फेंक देते हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि क्या अंकुरित आलू वाकई नुकसानदायक होता है. अगर हां, तो इसके क्या-क्या नुकसान होते हैं.

अंकुरित आलू जहर की तरह होता है
जब आलू अंकुरित हो जाता है, तो उसमें सोलानिन (Solanine) और चाकोनिन (Chaconine) नामक जहरीले तत्व बनने लगते हैं. ये ग्लाइकोएल्कलॉइड (Glycoalkaloid) नाम के विषैले तत्व होते हैं, जिनका ज्यादा इस्तेमाल खाने को जहरीला बना सकता है.

आलू में सोलानिन कैसे बनता है
जब आलू को ज्यादा समय तक नमी और रोशनी में रखा जाता है, तो उसमें सोलानिन का स्तर बढ़ जाता है. आलू के छिलके का हरा पड़ना और अंकुर निकलना इस बात का संकेत है कि उसमें टॉक्सिन्स बनने लगे हैं. अगर कोई ज्यादा मात्रा में अंकुरित आलू खा ले, तो उसे फूड प्वाइजनिंग या न्यूरोलॉजिकल इश्यूज हो सकते हैं.

अंकुरित आलू खाने के क्या-क्या नुकसान

  1. अधिक मात्रा में अंकुरित आलू खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द और अपच जैसी समस्याएं हो सकती हैं. इससे फूड पॉइजनिंग का खतरा रहता है.
  2. सोलानिन की वजह से दिमाग पर असर पड़ता है, जिससे सिरदर्द, चक्कर और थकान महसूस हो सकती है.
  3. ज्यादा मात्रा में सोलानिन ब्लड प्रेशर को प्रभावित कर सकता है, जिससे कमजोरी और सुस्ती महसूस हो सकती है.
  4. अगर बहुत ज्यादा मात्रा में अंकुरित आलू खा लिया जाए, तो यह नसों को सुन्न यानी नर्वस सिस्टम को प्रभावित कर सकता है, जिससे शरीर पर सुस्ती और झुनझुनी महसूस हो सकता है.
  5. प्रेगनेंसी में अंकुरित आलू खाना बच्चे के विकास पर असर डाल सकता है और बर्थ डिफेक्ट्स का खतरा बढ़ा सकता है.

क्या हल्का अंकुरित आलू खा सकते हैं
अगर आलू में बहुत हल्के अंकुर निकले हैं, और वह ज्यादा हरा नहीं पड़ा है, तो उसे छीलकर और अंकुर हटा कर इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन अगर आलू बहुत ज्यादा अंकुरित है या हरा पड़ गया है, तो इसे खाने से बचना ही बेहतर है.

अंकुरित आलू से बचने के तरीके

आलू को हमेशा ठंडी, सूखी और अंधेरी जगह पर स्टोर करें.
फ्रिज में आलू रखने से बचें, क्योंकि ठंडक में स्टार्च तेजी से शुगर में बदल जाता है, जिससे अंकुर जल्दी आते हैं.
अगर आलू अंकुरित हो गया है, तो उसे अच्छी तरह जांच कर ही इस्तेमाल करें.
पुराने आलू का इस्तेमाल करने से बचें और ताजा आलू ही खरीदें.
अगर आलू में बहुत ज्यादा अंकुर निकल आए हैं, तो इसे फेंक देना चाहिए.

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