हैदराबाद में आर्थिक तंगी से जूझ रहे दंपति ने की आत्महत्या, दो बच्चों की भी ली जान

हैदराबाद में वित्तीय संकट से परेशान एक दंपति ने अपने दो बच्चों की हत्या करने के बाद खुद भी आत्महत्या कर ली। इस हृदयविदारक घटना की सूचना पुलिस को डायल 100 पर सोमवार (10 मार्च 2025) की रात मिली, जिसके बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।

बच्चों का गला घोंटकर दी मौत, फिर खुद फांसी लगाई

पुलिस के मुताबिक, 45 वर्षीय चंद्रशेखर रेड्डी और उनकी 35 वर्षीय पत्नी कविता ने पहले अपनी 14 वर्षीय बेटी श्रीता रेड्डी और 10 वर्षीय बेटे विश्वन रेड्डी की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद दोनों ने फांसी लगाकर जान दे दी। मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें लिखा गया है कि आर्थिक तंगी और गंभीर बीमारियों से परेशान होकर उन्होंने यह कदम उठाया।

सुसाइड नोट में दर्दनाक आखिरी शब्द

तेलुगु भाषा में लिखे गए सुसाइड नोट में चंद्रशेखर रेड्डी ने लिखा,
“मेरे पास अपनी जिंदगी खत्म करने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं था। कृपया मुझे माफ कर दें। मैं अपने करियर में संघर्ष कर रहा हूं और मानसिक और शारीरिक रूप से पीड़ित हूं। मैं मधुमेह, तंत्रिका और गुर्दे से संबंधित बीमारियों से जूझ रहा हूं।”

आर्थिक तंगी और बेरोजगारी बनी मौत की वजह

पुलिस के मुताबिक, चंद्रशेखर रेड्डी पहले एक निजी कॉलेज में लेक्चरर थे, लेकिन पिछले छह महीने से बेरोजगार थे। आय का कोई स्रोत न होने के कारण परिवार आर्थिक तंगी से जूझ रहा था और कर्ज में डूबा हुआ था

पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होगा मौत की असली वजह का खुलासा

शवों को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया गया है। बच्चों को जहर दिए जाने की भी आशंका जताई जा रही है, लेकिन इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होगी। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

महबूबनगर जिले से आए थे हैदराबाद

शुरुआती जांच में पता चला है कि यह परिवार मूल रूप से तेलंगाना के महबूबनगर जिले के कलवाकुर्ती का रहने वाला था। एक साल पहले हैदराबाद आया था, लेकिन बेरोजगारी और आर्थिक संकट के कारण यह भयावह घटना घटी।

👉 यह दुखद घटना समाज में मानसिक तनाव और आर्थिक समस्याओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने की जरूरत को दर्शाती है।

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