Total Users- 1,160,336

spot_img

Total Users- 1,160,336

Wednesday, February 18, 2026
spot_img

बटुक भैरव मंत्र , पूजा विधि और लाभ

बटुक भैरव भगवान शिव के रुद्रावतार माने जाते हैं और उनकी पूजा विशेष रूप से संकटों से मुक्ति, शत्रुओं पर विजय, और जीवन में सफलता के लिए की जाती है। बटुक भैरव को तांत्रिक साधनाओं में भी महत्त्वपूर्ण माना गया है। उनके मंत्रों का जाप करने से भय, बाधाओं, और नकारात्मक ऊर्जा से छुटकारा मिलता है।

बटुक भैरव मंत्र

बटुक भैरव मंत्र का नियमित रूप से जाप करने से व्यक्ति को कई लाभ प्राप्त होते हैं। यह मंत्र सरल है और इसे सच्चे मन से करने पर तुरंत असर दिखाता है।

प्रमुख बटुक भैरव मंत्र :

  1. “ॐ ह्रीं बटुकाय आपदुद्धारणाय कुरु कुरु बटुकाय ह्रीं ॐ फट् स्वाहा।”
    • अर्थ: इस मंत्र का अर्थ है कि बटुक भैरव हमारे जीवन की सभी आपदाओं को दूर करें और हमारी रक्षा करें।
  2. “ॐ बटुक भैरवाय नमः”
    • अर्थ: बटुक भैरव को प्रणाम करते हुए इस मंत्र का जाप किया जाता है। यह मंत्र बहुत ही सरल है और इसे रोजाना जाप किया जा सकता है। इससे व्यक्ति के जीवन में शांति, सुरक्षा, और सफलता का मार्ग प्रशस्त होता है।

बटुक भैरव पूजा विधि :

  1. सुबह स्नान करके स्वच्छ वस्त्र पहनें और बटुक भैरव की मूर्ति या चित्र के सामने आसन लगाकर बैठें।
  2. उनके समक्ष दीपक जलाएं और नैवेद्य अर्पित करें। नैवेद्य में लड्डू, गुड़ या अन्य मिठाई अर्पित की जा सकती है।
  3. बटुक भैरव मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें। इसके लिए रुद्राक्ष की माला का उपयोग किया जा सकता है।
  4. पूजा के अंत में आरती करें और प्रसाद का वितरण करें।

बटुक भैरव मंत्र जाप के लाभ :

  • बटुक भैरव की कृपा से जीवन के संकटों से मुक्ति मिलती है।
  • शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है।
  • जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और उन्नति आती है।
  • आर्थिक समृद्धि और मानसिक शांति की प्राप्ति होती है।
  • नकारात्मक शक्तियों से रक्षा होती है।

बटुक भैरव की पूजा और मंत्र जाप करने से जीवन में आने वाली सभी बाधाओं और संकटों का निवारण होता है।

More Topics

ऑल द बेस्ट, प्यारे बच्चों : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री ने परीक्षा दे रहे विद्यार्थियों को दिया आत्मविश्वास...

पर्यटन स्थलों के विकास और सुविधाओं के विस्तार के लिए सरकार प्रतिबद्ध — मुख्यमंत्री श्री साय

रायपुर।मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कोरिया प्रवास के दौरान पंचायत...

इसे भी पढ़े