Total Users- 1,177,934

spot_img

Total Users- 1,177,934

Sunday, March 22, 2026
spot_img

छत्तीसगढ़ के 708 गाँव जनगणना सर्वेक्षण से ‘लापता’, केंद्र ने राज्य से माँगा नगरीकरण नोटिफिकेशन

भारत सरकार के सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय द्वारा अगले साल शुरू होने वाली राष्ट्रीय जनगणना से पहले जनसांख्यिकी सर्वेक्षण के लिए इकाइयों के चयन की प्रक्रिया में एक बड़ी त्रुटि सामने आई है। मंत्रालय ने छत्तीसगढ़ राज्य सरकार को पत्र लिखकर बताया है कि सर्वेक्षण के लिए ग्रामीण फ्रेम में छत्तीसगढ़ के कुल $708$ गाँव उपलब्ध नहीं हैं।

मंत्रालय का कहना है कि ग्रामों की इस अनुपलब्धता के कारण सर्वेक्षण में ग्रामों के प्रतिनिधित्व में आंशिक त्रुटि हो सकती है, जिससे सर्वे की सटीकता प्रभावित हो सकती है।

सुधार के लिए केंद्र ने माँगा नोटिफिकेशन

इस गंभीर त्रुटि को सुधारने के लिए, केंद्र सरकार के मंत्रालय ने राज्य के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक को एक पत्र जारी किया है। पत्र में नगरीकरण कराए जाने का गजट नोटिफिकेशन माँगा गया है।

माना जा रहा है कि ये $708$ गाँव ग्रामीण से शहरी क्षेत्रों में परिवर्तित हो चुके होंगे, लेकिन उनका अद्यतन (अपडेट) रिकॉर्ड ग्रामीण फ्रेम में मौजूद नहीं है।

  • राज्य सरकार का कदम: केंद्र का पत्र मिलने के बाद, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, अंबिकापुर और सरगुजा के संयुक्त संचालकों को तीन दिनों के अंदर नोटिफिकेशन की कॉपी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।

क्या होता है एफएसयू (FSU) चयन?

जनसांख्यिकीय सर्वेक्षणों में FSU का मतलब फर्स्ट स्टेज यूनिट या प्रथम चरण इकाई होता है। यह सर्वेक्षण की सटीकता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करने के लिए अपनाई जाने वाली बहु-चरणीय नमूनाकरण प्रक्रिया (Multi-Stage Sampling) का पहला चरण है।

  • कार्य: इसमें सर्वेक्षण के लिए सबसे बड़ी भौगोलिक इकाइयों का चयन किया जाता है।
  • ग्रामीण क्षेत्र में: ग्रामीण क्षेत्रों में FSU आमतौर पर कोई गाँव या पंचायत वार्ड होता है।
  • शहरी क्षेत्र में: शहरी क्षेत्रों में यह काम अर्बन फ्रेम सर्वे (UFS) कहलाता है।

एफएसयू का चयन एक व्यवस्थित प्रक्रिया के तहत किया जाता है, जिसमें सबसे पहले पूरे सर्वेक्षण क्षेत्र को स्तरीकरण (भौगोलिक या प्रशासनिक आधार पर) किया जाता है, ताकि हर क्षेत्र का प्रतिनिधि नमूना चुना जा सके। भारत में राष्ट्रीय नमूना सर्वेक्षण जैसे बड़े सर्वेक्षणों में इसी प्रक्रिया का पालन किया जाता है।

More Topics

सुंदर और चमकदार त्वचा पाने के लिए बनाएं ये नैचुरल क्यूब्स

लोग कई तरह के महंगे ब्यूटी प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल...

गर्मियों में पारंपरिक और पौष्टिक पेय सत्तू शरबत रेसिपी

सत्तू शरबत एक पारंपरिक और पौष्टिक पेय है, जो...

चिरायु योजना से काव्या और गुनीत को मिला नया जीवन

महासमुंद। जिले में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत...

आधुनिक तकनीक से खेती को बनाया नया मॉडल किसान मुकेश ने

बहु-फसली पद्धति के माध्यम से जैविक खेती को नया...

इसे भी पढ़े