केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को खुशी व्यक्त करते हुए बताया कि राष्ट्रीय राजधानी के भारत मंडपम में 16 से 20 फरवरी तक आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट के घोषणापत्र पर कुल 88 देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने हस्ताक्षर किए हैं।
पत्रकारों से बात करते हुए वैष्णव ने कहा कि 86 देशों और दो अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ के सिद्धांत को औपचारिक रूप से स्वीकार किया है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि संपूर्ण विश्व ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मानव-केंद्रित एआई दृष्टिकोण को स्वीकार किया है और एआई संसाधनों के लोकतंत्रीकरण पर सहमति व्यक्त की है ताकि एआई के लाभ और तकनीक विश्व भर में समाज के सभी वर्गों तक पहुंच सकें।
वैष्णव ने कहा कि यह अत्यंत हर्ष का विषय है कि एआई इम्पैक्ट समिट की घोषणा पर कुल 88 देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने हस्ताक्षर कर दिए हैं, जिसे अब जारी किया जा रहा है। इनमें से 86 देशों और दो अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ के सिद्धांत को औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया है।
संपूर्ण विश्व ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मानव-केंद्रित एआई दृष्टिकोण को स्वीकार किया है। सभी ने एआई संसाधनों के लोकतंत्रीकरण पर सहमति व्यक्त की है ताकि एआई के लाभ और प्रौद्योगिकी विश्व भर में समाज के सभी वर्गों तक पहुंच सकें। सभी ने इसे स्वीकार किया है।


