ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान की दोहरी नीति को बेनकाब कर दिया है। जैश और लश्कर सरगनाओं ने खुद स्वीकारा कि भारतीय हमलों में बहावलपुर और मुरिदके के आतंकी ठिकाने तबाह हुए। 9 प्रमुख कैंपों पर सटीक एयरस्ट्राइक से आतंकी ढांचा ध्वस्त हुआ और पाकिस्तान की आतंकी सरपरस्ती खुलकर सामने आई।

एजेंसी, पाकिस्तान। आतंकवाद के खिलाफ भारत की कार्रवाई ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की दोगली नीति एक बार फिर उजागर हो गई है। पहले जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के कमांडर इलियास कश्मीरी ने स्वीकार किया कि बहावलपुर में भारतीय मिसाइल हमले में मौलाना मसूद अजहर के परिवार के कई सदस्य मारे गए।
अब लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के कमांडर कासिम ने वीडियो जारी कर माना है कि भारतीय वायुसेना ने लाहौर के पास मुरिदके स्थित लश्कर के मुख्यालय मारकज-ए-तैयबा को पूरी तरह तबाह कर दिया।
मारकज-ए-तैयबा बना खंडहर
- सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में लश्कर कमांडर कासिम खंडहर बने मारकज-ए-तैयबा के सामने खड़ा दिख रहा है। उसने स्पष्ट कहा कि 7 मई को हुए भारतीय हमले ने इस मुख्यालय को जमींदोज कर दिया।
- यह वही जगह थी जहां सालों से लश्कर के आतंकियों और छात्रों को धार्मिक कट्टरता और हथियारों की ट्रेनिंग दी जाती थी। कासिम ने कैमरे पर दावा किया कि “यह मस्जिद पहले से बड़ी और भव्य बनेगी” और पाकिस्तान की मदद से पुनर्निर्माण कार्य जारी है।
पाकिस्तान पर उठ रहे सवाल
- एक अन्य वीडियो में लश्कर के डिप्टी चीफ सैफुल्लाह कसूरी ने स्वीकार किया कि पाकिस्तान सरकार और सेना सीधे तौर पर इस ध्वस्त कैंप को बनाने में सहयोग कर रही हैं।
- कसूरी ने युवाओं से लश्कर के हथियारों के ट्रेनिंग मॉड्यूल दौर-ए-सुफ्फा में भर्ती होने की अपील भी की। भारतीय खुफिया एजेंसियों के अनुसार लश्कर चुपचाप मुरिदके कॉम्प्लेक्स को फिर से खड़ा करने में जुटा है।
9 आतंकी ठिकाने बने निशाना
7 मई को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले में 26 नागरिकों की हत्या के बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया। इसमें पाकिस्तान और पीओके में फैले 9 प्रमुख आतंकी ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए गए।
मुख्य टारगेट थे:
- मारकज तैयबा, मुरिदके (लश्कर मुख्यालय)
- सरजल कैंप, सियालकोट (हिजबुल मुजाहिदीन)
- मेहमूना जोया कैंप, सियालकोट (हिजबुल मुजाहिदीन)
- अब्बास कैंप, कोटली (लश्कर)
- गुलपुर कैंप, कोटली (लश्कर)
- सैयदना बिलाल कैंप, मुजफ्फराबाद (जैश)
- सवाई नाला कैंप, मुजफ्फराबाद (लश्कर)
सैटेलाइट इमेज और पोस्ट-स्ट्राइक विजुअल्स ने इन स्थानों पर भारी तबाही की पुष्टि की।
पाकिस्तान की झूठी बयानबाजी बेनकाब
- अब तक पाकिस्तान सरकार इन आतंकी संगठनों के ठिकानों और नेताओं की मौजूदगी से लगातार इनकार करती रही है, लेकिन हाल ही में सामने आए वीडियो बयानों ने उसके झूठ की परतें खोल दीं।
- जैश कमांडर इलियास कश्मीरी के इकबाल के बाद लश्कर कमांडर कासिम और डिप्टी चीफ कसूरी के बयान पाकिस्तान की आतंकी गतिविधियों को खुली गवाही देते हैं।
भारत की सख्त नीति का संदेश
भारतीय सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक ऑपरेशन सिंदूर में सेना ने आतंकी ढांचे को गहरी चोट पहुंचाई। पाकिस्तान की दोहरी नीति को भी बेनकाब किया। लगातार सामने आ रहे आतंकी सरगनाओं के इकबाल-ए-जुर्म इस बात का सबूत हैं कि भारत की रणनीतिक सर्जिकल स्ट्राइक और एयरस्ट्राइक अभियानों ने आतंकवादियों के हौसले तोड़ दिए हैं।


