प्रत्येक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि देवों के देव महादेव को समर्पित होती है। इस दिन भगवान शिव और मां पार्वती की भक्ति-भाव से पूजा की जाती है और मनचाहा वरदान पाने के लिए मासिक शिवरात्रि का व्रत रखा जाता है।
धार्मिक मान्यता है कि इस व्रत के प्रभाव से विवाहित जातकों के सुख और सौभाग्य में वृद्धि होती है, वहीं अविवाहितों के विवाह शीघ्र संपन्न होते हैं। आइए, कार्तिक माह की मासिक शिवरात्रि की तिथि और शुभ मुहूर्त जानते हैं।
कार्तिक मासिक शिवरात्रि 2025 शुभ मुहूर्त
मासिक शिवरात्रि की पूजा मुख्य रूप से निशा काल (मध्यरात्रि) में की जाती है।
| विवरण | तिथि / समय |
| चतुर्दशी तिथि प्रारंभ | 19 अक्टूबर 2025, दोपहर 01 बजकर 51 मिनट पर |
| चतुर्दशी तिथि समाप्त | 21 अक्टूबर 2025, देर रात 12 बजकर 16 मिनट पर |
| मासिक शिवरात्रि तिथि | 19 अक्टूबर 2025 |
| निशा काल पूजा समय | देर रात 11 बजकर 51 मिनट से 12 बजकर 38 मिनट तक (अवधि: 47 मिनट) |
कार्तिक शिवरात्रि पर बनने वाले शुभ योग
ज्योतिषियों के अनुसार, कार्तिक माह की इस मासिक शिवरात्रि पर कई मंगलकारी योगों का संयोग बन रहा है, जिनमें भगवान शिव की पूजा अत्यंत फलदायी होगी:
- मुख्य योग: इंद्र योग, सर्वार्थ सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग।
- अन्य संयोग: अभिजीत मुहूर्त और उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र।
इन शुभ योगों में भगवान शिव और मां पार्वती की पूजा करने से साधक की हर मनचाही मुराद पूरी होती है।
19 अक्टूबर 2025 का पंचांग
| विवरण | समय |
| सूर्योदय | सुबह 06 बजकर 24 मिनट पर |
| सूर्यास्त | शाम 05 बजकर 47 मिनट पर |
| ब्रह्म मुहूर्त | सुबह 04 बजकर 43 मिनट से 05 बजकर 34 मिनट तक |
| विजय मुहूर्त | दोपहर 02 बजे से लेकर 02 बजकर 45 मिनट तक |
| गोधूलि मुहूर्त | शाम 05 बजकर 47 मिनट से 06 बजकर 13 मिनट तक |
| निशिता मुहूर्त | रात्रि 11 बजकर 41 मिनट से 12 बजकर 31 मिनट तक |


