Total Users- 1,180,407

spot_img

Total Users- 1,180,407

Wednesday, March 25, 2026
spot_img

जहाँ से कहानियाँ उठती हैं, वहीं से सिनेमा को रास्ता मिलता है

रायपुर साहित्य उत्सव में सत्यजीत दुबे

रायपुर। रायपुर साहित्य उत्सव में “नई पीढ़ी की फिल्मी दुनिया” पर हुई बातचीत किसी औपचारिक पैनल जैसी नहीं लगी। मंच पर बैठे अभिनेता सत्यजीत दुबे की बातों में अनुभव था, ठहराव था और सिनेमा को देखने का एक साफ़, ज़मीनी नज़रिया था। श्यामलाल चतुर्वेदी मंडप में जैसे ही उन्होंने बोलना शुरू किया, यह स्पष्ट हो गया कि यह चर्चा फिल्मों से आगे जाकर कहानियों, संवेदना और समाज की बात करने वाली है। सत्यजीत दुबे के लिए सिनेमा चमक-दमक का खेल नहीं है। उनके शब्दों में, फिल्म की उम्र बजट तय नहीं करता, उसकी सच्चाई तय करती है। जो कहानी दिल तक पहुंचती है, वही समय के साथ चलती है।

सत्यजीत ने छत्तीसगढ़ की धरती का ज़िक्र करते हुए कहा कि यहां का लोकजीवन, साहित्य और सामाजिक अनुभव भारतीय सिनेमा के लिए वह आधार हैं, जिन पर टिकाऊ और यादगार फिल्में बन सकती हैं। “कहानियां हमारे चारों ओर हैं,” वे कहते हैं, उन्हें बस देखने और ईमानदारी से कहने की ज़रूरत है। डिजिटल दौर पर उनकी बात किसी ट्रेंड का दोहराव नहीं थी, बल्कि एक संभावना का संकेत थी। ओटीटी प्लेटफॉर्म्स को उन्होंने क्षेत्रीय अनुभवों की आवाज़ बताया कि ऐसी आवाज़, जो अब सीमाओं में नहीं बंधी। आज का दर्शक सच्ची, ज़मीन से जुड़ी कहानियां चाहता है। उसे परफेक्ट चेहरे नहीं, असली इंसान देखने हैं, सत्यजीत दुबे ने कहा।

More Topics

छत्तीसगढ़ में फिल्म निर्माण को मिलेगी नई दिशा

स्क्रिप्ट समिति गठन हेतु महत्वपूर्ण बैठक रायपुर। संस्कृति एवं राजभाषा...

कक्षा 12वीं की हिन्दी विषय की पुनः परीक्षा 10 अप्रैल को आयोजित होगी

छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल रायपुर द्वारा हायर सेकेण्डरी स्कूल...

ईरान ने वार्ता के लिए ट्रंप के सामने रख दी कड़ी शर्त,हिज़्बुल्लाह के खिलाफ…

डोनाल्ड ट्रंप द्वारा वार्ता पुनः शुरू करने के प्रस्ताव...

राज्यपाल श्री डेका से नेता प्रतिपक्ष श्री महंत ने सौजन्य भेंट की

राज्यपाल रमेन डेका से आज यहां लोकभवन में छत्तीसगढ़...

इसे भी पढ़े