–करमा पर्व प्रकृति, कृषि परंपरा और सामाजिक एकता का प्रतीक : मंत्री राजेश अग्रवाल
-लोकगीत, लोकनृत्य और परंपराएं हमारी सांस्कृतिक पहचान की अमूल्य धरोहर, इन्हें नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व
रायपुर। नगेसिया किसान समाज द्वारा तुर्रापानी अंबिकापुर में आयोजित करमा उत्सव में पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल शामिल हुए। उन्होंने करमा पर्व की सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं तथा प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर पारंपरिक लोकगीत, लोकनृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उत्सव के माहौल को और अधिक जीवंत बना दिया।
मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि करमा पर्व छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति और लोक परंपराओं से गहराई से जुड़ा हुआ पर्व है। यह प्रकृति के प्रति आस्था, कृषि परंपराओं, सामुदायिक भावना और सामाजिक एकता का प्रतीक है। करमा उत्सव के माध्यम से हमारी लोक संस्कृति के गीत, संगीत, नृत्य और परंपराएं पीढ़ी-दर-पीढ़ी आगे बढ़ती हैं। ऐसे आयोजन हमारी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने के साथ समाज में आपसी भाईचारे और एकजुटता की भावना को भी मजबूत करते हैं।


